जश्न ए आज़ादी के रंग

15 अगस्त 2013 अतिम अपडेट 05:27 IST पर

भारत अपनी आज़ादी की 67वीं सालगिरह मना रहा है. देश भर में कैसे जमा है इस ख़ुशी का रंग देखिए तस्वीरों में.
भारत अपनी आज़ादी की 67वीं वर्षगांठ मना रहा है. देश भर में आज़ादी का जश्न मनाया जा रहा है. हैदराबाद में मोटरसाइकिल चालक टी पी वेंकट राव अपनी रॉयल एन्फील्ड को सजा-धजा कर सड़कों पर दौड़ाते हुए. वेंकट राव ने इस मौक़े पर एकता, अपराध नियंत्रण और विश्वशांति का संदेश देने के लिए देश भ्रमण का कार्यक्रम बनाया है.
स्वतंत्रता दिवस समारोह से पहले अमृतसर के गुरु नानक स्टेडियम में स्कूली बच्चे.
दक्षिण भारतीय राज्य कर्नाटक की राजधानी बैंगलोर में इस मौक़े पर लालबाग़ फ्लावर शो का आयोजन हुआ जहां एक नौका पर भारत का राष्ट्र ध्वज बांधा गया. इस आयोजन में छह सौ से ज्यादा क़िस्म के फूल प्रदर्शित किए गए थे.
उत्तर भारतीय शहर चंडीगढ़ में आज़ादी के जश्न की दीवानगी इस युवती के चेहरे पर पेंट किए गए तिरंगे के रूप में नज़र आ रही है.
उत्तर भारतीय शहर शिमला में तिरंगे और गांधी टोपी में सजे-धजे बच्चे राष्ट्र ध्वज के साथ नज़र आ रहे हैं.
ये तस्वीर है इलाहाबाद की जहां आज़ादी की वर्षगांठ की खुशी युवतियों के चेहरे पर कुछ इस रूप में नज़र आ रही है.
और ये है पुरी के समुद्र तट पर रेत शिल्पी सुदर्शन पटनायक की स्वतंत्रता दिवस पर बनाई कलाकृति.
भारत अपनी आज़ादी की 67वीं वर्षगांठ मना रहा है. देश भर में आज़ादी का जश्न मनाया जा रहा है. हैदराबाद में मोटरसाइकिल चालक टी पी वेंकट राव अपनी रॉयल एन्फील्ड को सजा-धजा कर सड़कों पर दौड़ाते हुए. वेंकट राव ने इस मौक़े पर एकता, अपराध नियंत्रण और विश्वशांति का संदेश देने के लिए देश भ्रमण का कार्यक्रम बनाया है.
स्वतंत्रता दिवस समारोह से पहले अमृतसर के गुरु नानक स्टेडियम में स्कूली बच्चे.
दक्षिण भारतीय राज्य कर्नाटक की राजधानी बैंगलोर में इस मौक़े पर लालबाग़ फ्लावर शो का आयोजन हुआ जहां एक नौका पर भारत का राष्ट्र ध्वज बांधा गया. इस आयोजन में छह सौ से ज्यादा क़िस्म के फूल प्रदर्शित किए गए थे.
उत्तर भारतीय शहर चंडीगढ़ में आज़ादी के जश्न की दीवानगी इस युवती के चेहरे पर पेंट किए गए तिरंगे के रूप में नज़र आ रही है.
उत्तर भारतीय शहर शिमला में तिरंगे और गांधी टोपी में सजे-धजे बच्चे राष्ट्र ध्वज के साथ नज़र आ रहे हैं.
ये तस्वीर है इलाहाबाद की जहां आज़ादी की वर्षगांठ की खुशी युवतियों के चेहरे पर कुछ इस रूप में नज़र आ रही है.
और ये है पुरी के समुद्र तट पर रेत शिल्पी सुदर्शन पटनायक की स्वतंत्रता दिवस पर बनाई कलाकृति.